पहलगाम हमले में शामिल तीनों आतंकियों को भारतीय सेना ने किया ढेर, लोकसभा में बोले अमित शाह – “हम आतंकवाद को जड़ से खत्म करेंगे”
लोकसभा में सोमवार को केंद्रीय गृहमंत्री अमित शाह ने बड़ी घोषणा करते हुए बताया कि जम्मू-कश्मीर के पहलगाम क्षेत्र में हाल ही में हुए आतंकी हमले में शामिल तीनों आतंकवादियों को भारतीय सेना और सुरक्षा बलों की संयुक्त कार्रवाई में मार गिराया गया है। उन्होंने कहा कि यह सरकार की “ज़ीरो टॉलरेंस फॉर टेररिज्म” नीति का हिस्सा है और भारत आतंकवाद के खात्मे की दिशा में मजबूती से आगे बढ़ रहा है।
पहलगाम आतंकी हमला – घटना का संक्षिप्त विवरण
पिछले हफ्ते पहलगाम में एक बड़ा आतंकी हमला हुआ था जिसमें सुरक्षाबलों को निशाना बनाते हुए आतंकियों ने अंधाधुंध फायरिंग की थी। हमले में दो जवान शहीद हो गए थे जबकि कुछ अन्य घायल हुए थे। इस हमले की जिम्मेदारी किसी आतंकी संगठन ने नहीं ली थी लेकिन खुफिया सूत्रों ने बताया था कि इसमें लश्कर-ए-तैयबा के आतंकियों का हाथ हो सकता है।

तीन दिन की घेराबंदी के बाद सफल ऑपरेशन
गृहमंत्री अमित शाह ने संसद में बताया कि भारतीय सेना, जम्मू-कश्मीर पुलिस और CRPF ने मिलकर एक ज्वाइंट ऑपरेशन शुरू किया था जो तीन दिन तक चला। पहलगाम और उससे सटे जंगल क्षेत्रों में सघन तलाशी अभियान चलाया गया। आधुनिक तकनीक और स्थानीय खुफिया जानकारी की मदद से सुरक्षा बलों ने तीनों आतंकियों को ट्रैक कर लिया और एक मुठभेड़ में उन्हें ढेर कर दिया।
उन्होंने कहा, “यह केवल एक जवाबी कार्रवाई नहीं थी, यह हमारी नीतिगत प्रतिबद्धता है कि हम देश के दुश्मनों को किसी भी कीमत पर बख्शेंगे नहीं।”
शहीदों को श्रद्धांजलि और परिवारों को समर्थन
गृहमंत्री ने लोकसभा में सभी शहीद जवानों को श्रद्धांजलि दी और उनके परिवारों को हर संभव मदद का आश्वासन दिया। उन्होंने कहा कि शहीदों की कुर्बानी को देश कभी नहीं भूलेगा और उनकी वीरता आने वाली पीढ़ियों को प्रेरणा देती रहेगी।
अंतरराष्ट्रीय मंच पर भारत की सख्ती
शाह ने कहा कि भारत ने अंतरराष्ट्रीय स्तर पर भी आतंकवाद के खिलाफ सख्त स्टैंड लिया है। पाकिस्तान प्रायोजित आतंकवाद को बेनकाब करने के लिए भारत लगातार अंतरराष्ट्रीय समुदाय को सबूत दे रहा है। संयुक्त राष्ट्र, FATF और अन्य मंचों पर भारत की पहल के कारण कई आतंकी संगठनों और आतंकवादियों को ब्लैकलिस्ट किया गया है।
ड्रोन और तकनीकी निगरानी से मिली सफलता
इस ऑपरेशन में ड्रोन, नाइट विजन उपकरण, और हाई-टेक सैटेलाइट इमेजिंग तकनीकों का उपयोग किया गया। यह दिखाता है कि भारतीय सुरक्षा बल अब सिर्फ ताकत के बल पर नहीं बल्कि आधुनिक तकनीकों के साथ भी आतंकवाद से लड़ रहे हैं।
कश्मीर में शांति बहाली की दिशा में एक और कदम
गृहमंत्री ने कहा कि मोदी सरकार के नेतृत्व में कश्मीर में सामान्य स्थिति तेजी से लौट रही है। पिछले कुछ वर्षों में पत्थरबाजी की घटनाएं लगभग समाप्त हो चुकी हैं, और स्थानीय युवाओं में आतंकवाद के प्रति झुकाव में भारी कमी आई है।
“यह सरकार का प्रयास है कि कश्मीर की जनता को विकास, रोजगार और शिक्षा के मुख्यधारा में जोड़ा जाए और उन्हें हिंसा से दूर रखा जाए,” – अमित शाह
राजनीतिक प्रतिक्रिया और विपक्ष का समर्थन
हालांकि इस मुद्दे पर संसद में विपक्ष ने भी एकजुटता दिखाई और ऑपरेशन की सफलता की सराहना की। कांग्रेस नेता मल्लिकार्जुन खड़गे ने भी कहा,
“हम सेना और सुरक्षाबलों के इस साहसिक अभियान की सराहना करते हैं। यह समय राजनीतिक मतभेद नहीं, एकजुटता का है।”
जनता की प्रतिक्रिया और सोशल मीडिया पर बधाइयों की बौछार
ऑपरेशन की सफलता के बाद सोशल मीडिया पर #IndianArmy और #PahalgamAttack टॉप ट्रेंड कर रहे हैं। आम जनता और बॉलीवुड सितारों से लेकर खेल जगत के कई लोगों ने जवानों की बहादुरी को सलाम किया है।
निष्कर्ष
पहलगाम हमले में शामिल तीनों आतंकियों का सफाया भारतीय सेना और सुरक्षा बलों की तत्परता, दक्षता और नीतिगत स्पष्टता का परिचायक है। यह भारत की “आतंक के खिलाफ सख्ती” नीति को और अधिक मजबूती देता है। अमित शाह का संसद में दिया गया बयान इस बात का भरोसा दिलाता है कि भारत अब पहले से कहीं ज्यादा सजग और आक्रामक तरीके से आतंकवाद का मुकाबला कर रहा है। कश्मीर में शांति और स्थायित्व लाना अब केवल एक सपना नहीं, बल्कि एक ठोस और रणनीतिक मिशन है।








